Actress and entrepreneur Parul Gulati registered her first presence in Cannes Film Festival 2025 with a Big Bang. She amused the fashion critics with her bold and futuristic style of fashion. Parul wore a golden sculpted Banarasi Tissue silk saree designed by Ace designers Ridhi Bansal and styled by Mohit Roy. The saree was dipped in resin to give it a metallic soaked wet and sculpted body wrap. Parul teamed it up with a traditional golden nose ring. Earlier she wore an outfit entirely made of human hair. Parul wore very subtle jewelry and earthy makeup with light waved hair at loose. पारुल गुलाटी ने कान्स में अपनी पहली उपस्थिति दमदार फैशन स्टेटमेंट के साथ पूरा किया
कांस/मुंबई, अभिनेत्री और उद्यमी पारुल गुलाटी ने कान्स फिल्म फेस्टिवल 2025 में अपनी पहली उपस्थिति को एक दमदार और अनोखे फैशन स्टेटमेंट के साथ पूरा किया।

हेयर एक्सटेंशन ब्रांड की मालकिन होने के नाते, पारुल ने अपने अनोखे अंदाज़ से ग्लोबल मीडिया का ध्यान अपनी ओर खींचा। पिछले हफ्ते उन्होंने एक ऐसा बोल्ड आउटफिट पहना था जो पूरी तरह से इंसानी बालों से बना था।

यह उनके ब्रांड और उद्यमी यात्रा को समर्पित एक अनूठा विचार था। इस लुक ने उन्हें अंतरराष्ट्रीय सुर्खियों में ला दिया।

अपने समापन लुक के लिए, पारुल ने पारंपरिक भारतीय साड़ी को एक बिल्कुल नए और भविष्यवादी अंदाज़ में पेश किया। मोहित राय द्वारा स्टाइल की गई और रिद्धि बंसल द्वारा डिज़ाइन की गई यह खास बनारसी टिशू साड़ी रेज़िन में डुबोई गई थी, जिससे यह एक स्कल्प्टेड, गीले लुक का आभास देती है। यह मेटालिक और पारदर्शी साड़ी उनके शरीर से इस तरह सटी हुई थी जैसे दूसरी त्वचा हो।यह परंपरा और फ्यूचर का बेहतरीन मेल था।

कान्स में अपने अनुभव को साझा करते हुए पारुल ने कहा, साल 2020 में जब पूरी दुनिया में कोविड फैला, तब इसका असर मेरे अभिनय करियर पर भी पड़ा। मैं अपने सबसे बड़े सपने , एक सफल अभिनेत्री बनने के सपने को छोड़ने के बेहद करीब थी। उस समय मैं बार-बार ‘ला ला लैंड’ फिल्म देखती थी। वह मेरी सबसे पसंदीदा फिल्म है और एमा स्टोन मेरी सबसे पसंदीदा अभिनेत्री हैं।

कान्स में एक थिएटर के अंदर बैठकर एमा को एडिंग्टन में देखना, और उसी हवा में सांस लेना जिसमें वह थीं, जिसने अनजाने में मेरे सबसे मुश्किल समय में मुझे सहारा दिया ।यह मेरे लिए बेहद खास अनुभव था। यह सिर्फ एक फिल्म की स्क्रीनिंग नहीं थी, यह एक याद थी कि मैंने अपने सपने को सच होते देखने तक हार नहीं मानी।