Indo-Pak war 2025. More than 50 missiles of pakistan has been destroyed by Indian Air surveillance systems before it touched the ground. Indian Army destroyed Pakistan’s lahore air defence system completely and militant posts in J&K region. 16 civilians were killed in Pakistan’s blind firing at residential areas of J&K till now.
-भारत ने पाकिस्तानी हमलों को नाकाम कर लाहौर में वायु रक्षा प्रणाली ध्वस्त की
-भारत पर हमले की पाकिस्तान की 50 कोशिश नाकाम, भारतीय सेना ने दिया करार जवाब

भारत के ऑपरेशन सिंदूर से बौखलाए और हताश पाकिस्तान ने बुधवार रात जम्मू कश्मीर से लेकर गुजरात तक कम से कम 15 शहरों में सैन्य ठिकानों को मिसाइल और ड्रोन से निशाना बनाने की कोशिश की जिसे भारत की वायु रक्षा प्रणाली ने पूरी तरह से नाकाम कर दिया और जवाबी कार्रवाई में कर दी।
रक्षा मंत्रालय ने गुरूवार को यहां एक वक्तव्य जारी कर कहा कि सात और आठ मई की दरमियानी रात में पाकिस्तान ने उत्तरी एवं पश्चिमी भारत के अनेक सैन्य ठिकानों को मिसाइलों और ड्रोन से निशाना बनाने की कोशिश की जिनमें अवंतीपुरा, श्रीनगर, जम्मू, पठानकोट, अमृतसर, कपूरथला, जालंधर, लुधियाना, आदमपुर, बटिंडा, चंडीगढ, नाल फलौदी, उत्तरलाई और भुज शामिल हैं। पाकिस्तानी मिसाइल और ड्रोन को भारत की एकीकृत वायु रक्षा प्रणालियों ने नष्ट कर दिया।
मंत्रालय ने बताया कि आज सुबह भारतीय सुरक्षा बलों ने समानुपातिक जवाबी कार्रवाई में पाकिस्तान में कई जगह पर वायु रक्षा प्रणाली और राडारों को निशाना बनाकर हमला किया। विश्वसनीय जानकारी के अनुसार इन हमलों में लाहौर की वायु रक्षा प्रणाली पूरी तरह से नष्ट हो गयी है।

मंत्रालय ने कहा है कि पाकिस्तान की नष्ट की गयी मिसाइलों और ड्रोन के मलबे को बरामद किया जा रहा है जो पाकिस्तानी हमलों का प्रमाण है।
वक्तव्य में यह भी कहा गया है कि पाकिस्तान ने नियंत्रण रेखा पार से कुपवाड़ा, बारामुला, उरी, पुंछ, मेंधर और राजौरी सेक्टरों में बिना किसी उकसावे के फायरिंग तेज कर दी है जिसमें मोर्टारों और भारी तोपखाने का भी इस्तेमाल किया जा रहा है। इस फायरिंग में 16 निर्दोष लोगों की जानें गयी हैं जिनमें तीन महिला और पांच बच्चे शामिल हैं। भारत ने भी विवश होकर पाकिस्तानी फायरिंग को रोकने के लिए मोर्टार और तोपखाने से जवाबी कार्रवाई की।
रक्षा मंत्रालय ने कहा है कि भारतीय सशस्त्र बलों की कार्रवाई तनाव बढाने वाली नहीं होगी बशर्ते कि पाकिस्तानी सेना भी संयम बरते।
भारत पर हमले की पाकिस्तान की कोशिश नाकाम, भारतीय सेना ने दिया करार जवाब
भारतीय सेना ने 7 मई को ऑपरेशन “सिंदूर” के तहत पाकिस्तान और पीओके में आंतकी ठिकानों पर सधी हुई लक्षित कार्रवाई की। इस कार्रवाई में भारतीय सेना ने इन सभी आतंकी ठिकानों को नष्ट कर दिया। भारत ने कहा कि उसकी कार्रवाई सोच-समझकर की गई थी, और इसका मकसद तनाव बढ़ाना नहीं था। भारत ने साफ किया कि उसने पाकिस्तानी सेना के किसी ठिकाने को निशाना नहीं बनाया है। साथ ही यह भी दोहराया गया कि अगर भारत की सेना पर हमला होता है, तो उसका उचित जवाब दिया जाएगा। भारत ने गुरुवार को पाकिस्तान के हमले की कोशिश को नाकाम कर दिया है।
रक्षा मंत्रालय के अनुसार, 7 और 8 मई की दरमियानी रात पाकिस्तान ने ड्रोन और मिसाइलों का उपयोग करके अवंतीपुरा, श्रीनगर, जम्मू, पठानकोट, अमृतसर, कपूरथला, जालंधर, लुधियाना, आदमपुर, भटिंडा, चंडीगढ़, नल, फलोदी, उत्तरलाई और भुज सहित उत्तरी और पश्चिमी भारत में कई सैन्य ठिकानों पर हमला करने की कोशिश की। लेकिन भारत की एयर डिफेंस प्रणाली ने इन्हें नाकाम कर दिया। इन हमलों का मलबा अब कई जगहों से मिल रहा है, जो इन हमलों का सबूत है।

गुरुवार सुबह भारतीय सेना ने पाकिस्तान में कुछ जगहों पर एयर डिफेंस रडार और सिस्टम को निशाना बनाया। भारत की यह जवाबी कार्रवाई उसी तरह और उसी स्तर की थी, जैसी पाकिस्तान ने की थी। विश्वसनीय जानकारी के अनुसार, लाहौर में एक एयर डिफेंस सिस्टम को निष्क्रिय कर दिया गया है।
पाकिस्तान अब नियंत्रण रेखा (एलओसी) पर बिना किसी उकसावे के भारी गोलाबारी कर रहा है। उसने कुपवाड़ा, बारामूला, उरी, पुंछ, मेंढर और राजौरी जैसे इलाकों में मोर्टार और भारी तोपें इस्तेमाल की हैं। पाकिस्तानी गोलीबारी में अब तक 16 बेगुनाह लोगों की जान जा चुकी है, जिनमें तीन महिलाएं और पांच बच्चे भी शामिल हैं। इन हालातों में भारत को जवाबी कार्रवाई करनी पड़ी, ताकि पाकिस्तान की ओर से हो रही गोलीबारी को रोका जा सके।
रक्षा मंत्रालय के अनुसार, भारतीय सेना तनाव न बढ़ाने की अपनी प्रतिबद्धता को फिर से दोहराती है, लेकिन यह तभी संभव है जब पाकिस्तान की सेना भी इसका पालन करे। बता दें कि गुरुवार को रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता में ऑपरेशन सिंदूर के बारे में जानकारी देने के लिए एक सर्वदलीय बैठक हुई। सूत्रों के अनुसार, ऑपरेशन सिंदूर अभी भी जारी है और अब तक 100 से अधिक आतंकी भारतीय सेना की कार्रवाई में मारे गए हैं।